फर्जी डिग्री से शिक्षक बने तीन दोषियों को सजा
दालत ने तीन शिक्षकों को 5 साल की जेल और 10,000 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
बीएड की फर्जी डिग्री का मामला
दोषियों ने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से फर्जी बीएड की डिग्री प्राप्त की।
नौकरी में फर्जीवाड़ा
बीएड की फर्जी डिग्री के आधार पर महेंद्र सिंह, मोहन लाल, और जगदीश लाल को प्राथमिक सहायक शिक्षक की नौकरी मिली।
बिना सत्यापन नौकरी दी गई
तत्कालीन विभागीय अधिकारियों ने डिग्री का सत्यापन किए बिना इन्हें नौकरी दी।
एसआईटी की जांच
शिक्षा विभाग ने एसआईटी जांच कराई, जिसमें डिग्री फर्जी पाई गई।